मत्ती 7:21 - बग़ल्याणी21 “जो माखे, ‘ओ प्रभु, ओ प्रभु’ बोलोआ, तिना बीचा ते हर एक स्वर्गो रे राज्य रे नि जाणा, पर सेई, जो-जो मेरे स्वर्गिय पिते री इच्छा पाँदे चलोआ। Viz kapitolaपहाड़ी महासुई21 “ज़ुण मुलै, ‘ओ प्रभु! ओ प्रभु!’ बोलाई, तिऊं मांझ़िऐ कु हर एक सौरगा रै राज़्य दी नाईं डेई सौकदौ, पर सेऊ ई डिआ सा ज़ो मैरै सौरगा रै बाबा री इच़्छ़ा दी आण्डा आ। Viz kapitola |