प्रकाशित 3:19 - पहाड़ी महासुई19 हाऊं ज़ास-ज़ासकु प्यार छ़ाड़ाऊ, तिऊं सौभी लै औकल और ताड़ना दिआऊ, एथीलै जोशिलै हुऔ, और मन बौदल़ौ। Viz kapitolaबग़ल्याणी19 आऊँ जिना-जिना खे प्यार करूँआ, तिना सबी खे ल़वामे और ताड़ना देऊँआ। इजी री खातर जोशीला ओ, और मन फेर। Viz kapitola |