मत्ती 17:27 - पहाड़ी महासुई27 तैबै भी एथीलै कि आमै तिउंलै ठोकर ना लाइलै, तू झ़िला रै डिका काऐ डेइयौ ज़ाल़ पा, और ज़ो माच़्छ़ी पैहलै निकल़ा ली, तिऐं निऊं। तियांरौ मूंह खोलदी बारै ताउंकै च़ांदी रौ एक सिक्कौ मिला आ, तेस नीईंयौ मैरै और आपणै बौदल़ै तिउंकै दैऔ। Viz kapitolaबग़ल्याणी27 पर तेबे बी आसे तिना खे ठोकर नि देणा चांदे। तूँ समुद्रो रे कनारे जा और बंसी पाणिए रे पा, जो मछली पईले निकल़ो, तेसा खे लओ और तेसा रा मूँ खोली की ताखे एक सिक्का मिलणा। तेस लओ और आपणे और मेरे बदले तिना खे देई दे।” Viz kapitola |