प्रेरित 23:22 - पहाड़ी महासुई22 तैबै मुख्यै तेस ज़वाना लै हुकम दैऔ और भेज़ौ, “कि कासी कै ना बोलै कि ताऐं इऐ बूश मुं काऐ बोली आ।” Viz kapitolaबग़ल्याणी22 तेबे पल़टणा रे सरदारे जवानो खे ये आज्ञा देई की बिदा कित्तेया, “केसी गे नि बोलणा कि तैं मांगे ये गल्ल बोली राखी।” Viz kapitola |