2 कुरि 10:2 - पहाड़ी महासुई2 हाऊं एज़ी औरज़ कौराऊ कि तुमु काऐ मुं निडर हुइयौ सौख्ताई कौरी धौमकाउणौ ना पौड़ा, ज़िणौ हाऊं कुछ़ लोगु माथै ज़ो आमु संसारिक लोगु ज़िणै सौमझ़ा ई, सौख्ताई कौरी धौमकाउणै रै बारै दी बिच़ार कौराऊ। Viz kapitolaबग़ल्याणी2 आऊँ ये बिनती करूँआ कि जेबे आँऊ तेती तुसा गे आँऊ तो माखे तिना लोका खे जो ये सोचोए कि आसे दुनिया रे लोका रे मुताबिक चलणे वाल़े ए, से सखतयाई माखे दखाणी ना पड़ो जेतेरी मांते उम्मीद कित्ती जाओई। Viz kapitola |