2 पतरस 2:14 - Bagheli Bible14 काहेकि उनखे आँखिन माहीं ब्यभिचार बसा हय, अउर ऊँ पंचे पाप किहे बिना रुकिन नहीं सकँय; ऊँ पंचे चंचल मन बालेन काहीं, लहाय-फुसलाय लेत हें; उनखे मनन काहीं लोभ करँइ के आदत होइगे ही, अउर ऊँ पंचे परमातिमा के तरफ से स्रापित हें। Viz kapitola |