2 “यहोवा, मइँ जानत हउँ कि तू सब कछू कइ सकत अहा। तू सबइ जोजना बनाइ सकत अहा अउर तोहर सबइ जोजना क कउनो भी नाहीं बदल सकत अउर न ही एका रोका जाइ सकत ह।