कुलुस्सी 1:9 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान9 तैहीता ज़हा धैल़ी ओर्ही अह शूणअ द आसा, हाम्हैं करा हर बगत तम्हां लै प्राथणां कि परमेशरे आत्मां तम्हां लै बुधि और समझ़ दैए और तम्हैं एसा गल्ला समझ़े कि परमेशरे मरज़ी किज़ै आसा, Sien die hoofstukकुल्वी9 तैबै ज़ुणी ध्याड़ै न आसै ऐ शुणु सा, आसै प्रार्थना केरदै लागै सी कि परमेश्वरा री आत्मा तुसाबै ज्ञान होर समझ़ दै ताकि तुसै तेइरी मर्जी न पूरी तैरहा समझ़ी सकलै। Sien die hoofstukईनर सराजी मे नया नियम9 एतकि तणी जासु धयाडी का यह शुणु, हामे भी थारी तणी यह प्रार्थना होर बिनती करणी नांई छाड़दे कि तमे सारे आत्मिक ज्ञान होर समझा संघे परमेश्वरा री इच्छा री पछेणा में परिपूर्ण होआ, Sien die hoofstuk |