5 इआ सब उआ आसा के कारन भ हय, जउन तोंहरे खातिर स्वरग माहीं सुरच्छित ही, अउर एखे बारे माहीं तूँ पंचे पहिलेन सत्य बचन, अरथात खुसी के खबर के द्वारा सुन चुके हया।